Siya Raghubar Aarti (सिया रघुवर की आरती) माता सीता और भगवान श्रीराम की संयुक्त भक्ति का पवित्र माध्यम है। Siya Raghubar Aarti करने से घर में सुख-शांति, प्रेम और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। इस पेज पर आपको सिया रघुवर की आरती PDF, सही आरती समय, प्रमुख मंदिरों की जानकारी, पूजा विधि और लाभ विस्तार से मिलेंगे।
Siya Raghubar ji Aarti Lyrics
सिया रघुवर जी की आरती, शुभ आरती कीजै।।
शीश मुकुट काने कुंडल सोहे
राम लखन सिया जानकी, शुभ आरती कीजै।।
सिया रघुवर जी की आरती, शुभ आरती कीजै।।
मोर मुकुट माथे पर सोहे
राधा सहित घनश्याम की, शुभ आरती कीजै।।
सिया रघुवर जी की आरती, शुभ आरती कीजै।।
अक्षत चंदन घी की बाती
उमा सहित महादेव की, शुभ आरती कीजै।।
सिया रघुवर जी की आरती, शुभ आरती कीजै।।
मम दुख हरणी मंगल करणी
आरती लक्ष्मी गणेश की, शुभ आरती कीजै।।
सिया रघुवर जी की आरती, शुभ आरती कीजै।।
अलख निरंजन असुर निकन्दन
अंजनि लला हनुमान की, शुभ आरती कीजै।।
सिया रघुवर जी की आरती, शुभ आरती कीजै।।
रामदेव ओरी कुलदेवता
माता पिता गुरुदेव की, शुभ आरती कीजै।।
सिया रघुवर जी की आरती, शुभ आरती कीजै।।
Siya Raghubar Aarti In English
Siya Raghubar Jii K Aarti, Shubh Aarti Kijai..
Sheesh Mukuṭ Kaane KunḌAl Sohe
Ram Lakhan Siyaa Janaki, Shubh Aarti Kijai..
Siya Raghuvar Ji Ki Aarti, Shubh Aarti Kijai..
Mor Mukuṭ Maathe Par Sohe
Radha Sahit Ghanshyam Ki, Shubh Aarti Kijai..
Siya Raghuvar Ji Ki Aartii, Shubh Aarti Kijai..
Akshat Chandan Ghi Ki Baati
Umaa Sahit Mahaadev Ki, Shubh Aarti Kijai..
Siyaa Raghuvar Ji Ki Aarti, Shubh Aarti Kijai..
Mam Dukh HaraṆIi Mangal KaraṆIi
Aarti Lakshmi GaṆEsh Ki, Shubh Aarti Kijai..
Siya Raghubar Ji Ki Aarti, Shubh Aarti Kijai..
Alakh Niranjan Asur Nikandan
Anjani Lalaa Hanuman Ki, Shubh Aarti Kijai..
Siya Raghubar Ji Ki Aarti, Shubh Aarti Kijai..
Raamdev Ori Kuladevataa
Mata Pita Gurudev Ki, Shubh Aarti Kijai..
Siya Raghubar Ji Ki Aarti, Shubh Aarti Kijai..
Siya Raghubar Aarti PDF:
सिया रघुवर की आरती PDF डाउनलोड: जो भक्त लिखित रूप में आरती पढ़ना चाहते हैं, उनके लिए यहाँ Siya Raghubar Aarti PDF उपलब्ध है। 👉 यहाँ से सिया रघुवर की आरती PDF Download करें और नियमित पाठ करें।
✔️ PDF की विशेषताएँ:
- स्पष्ट हिंदी फॉन्ट
- मोबाइल और प्रिंट-फ्रेंडली
- ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा
Siya Raghubar ji Aarti Images:

🌼 सिया रघुवर की आरती का महत्व:
Siya Raghubar Aarti | सिया रघुवर की आरती राम-सीता भक्ति को पूर्ण करने का श्रेष्ठ साधन मानी जाती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, नियमित आरती करने से—
- दांपत्य जीवन में मधुरता आती है
- परिवार में सौहार्द और सुख बढ़ता है
- मन की अशांति दूर होती है
- भक्ति और संयम की भावना मजबूत होती है
इसी कारण भक्त प्रतिदिन या विशेष पर्वों पर सिया रघुवर की आरती करते हैं।
⏰ सिया रघुवर की आरती का सही समय (Aarti Time)
आरती निम्न समय पर करना सबसे शुभ माना जाता है:
✅ प्रातः काल
- समय: सुबह 5:00 से 7:00 बजे
- लाभ: दिन की शुरुआत पवित्रता और सकारात्मकता से
✅ संध्या काल (सबसे उत्तम)
- समय: शाम 6:00 से 8:30 बजे
- लाभ: विशेष कृपा और मनोकामना पूर्ति
✅ पाठ के बाद
- रामायण/रामचरितमानस पाठ के तुरंत बाद आरती करना श्रेष्ठ
विशेष रूप से संध्या समय में की गई Siya Raghubar Aarti अधिक फलदायी मानी जाती है।
🛕 किन मंदिरों में सिया रघुवर की आरती विशेष रूप से होती है?
भारत और नेपाल के कई प्रसिद्ध मंदिरों में सिया रघुवर की आरती बड़े श्रद्धा भाव से की जाती है:
🔹 श्री राम जन्मभूमि मंदिर, अयोध्या
- प्रतिदिन भव्य आरती और भजन-कीर्तन
- रामभक्तों का प्रमुख तीर्थ
🔹 जनकी मंदिर, जनकपुर (नेपाल)
- माता सीता का प्रमुख मंदिर
- सायंकाल विशेष आरती
🔹 सीता रामचंद्र स्वामी मंदिर, भद्राचलम (तेलंगाना)
- दक्षिण भारत का प्रसिद्ध राम मंदिर
- पर्वों पर भव्य आरती
🔹 रघुनाथ मंदिर, जम्मू
- उत्तर भारत के प्रमुख राम मंदिरों में से एक
- नियमित आरती और कीर्तन
इन मंदिरों में Siya Raghubar Aarti का विशेष आध्यात्मिक महत्व माना जाता है।
🪔 सिया रघुवर की आरती की विधि (Aarti Vidhi):
Siya Raghubar Aarti Vidhi इस प्रकार करें:
1️⃣ स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें
2️⃣ राम–सीता की मूर्ति/चित्र स्थापित करें
3️⃣ दीपक, अगरबत्ती, फूल अर्पित करें
4️⃣ “श्री सीता-राम” का ध्यान करें
5️⃣ सिया रघुवर की आरती गाएं
6️⃣ अंत में प्रसाद वितरण करें
इस विधि से आरती करने पर पूर्ण पुण्य फल प्राप्त होता है।
🙏 सिया रघुवर की आरती के लाभ
Siya Raghubar Aarti Benefits:
- श्रीराम–सीता की विशेष कृपा
- पारिवारिक सुख-शांति
- मानसिक स्थिरता
- भक्ति में वृद्धि
- जीवन में सकारात्मक परिवर्तन
नियमित आरती से आत्मविश्वास और श्रद्धा दोनों बढ़ते हैं।
🌸 रामायण पाठ के साथ आरती का महत्व
अधिकांश श्रद्धालु इस क्रम का पालन करते हैं:
✔️ पहले रामायण/रामचरितमानस पाठ
✔️ फिर सिया रघुवर की आरती
इससे पूजा अधिक संपूर्ण और फलदायी मानी जाती है।
निष्कर्ष (Conclusion):
Siya Raghubar Aarti | सिया रघुवर की आरती PDF श्रीराम–सीता भक्ति को पूर्ण करने का सरल और प्रभावशाली साधन है। सही समय, विधि और श्रद्धा के साथ आरती करने से जीवन में शांति, सुख और संतुलन बना रहता है।
जय सिया राम 🚩
जय रघुवर राम 🚩
FAQs – Siya Raghubar ji ki Aarti:
क्या घर पर Raghubar ji ki आरती करना फलदायी है?
हाँ, घर पर विधि-विधान से की गई आरती भी समान पुण्य देती है।
Raghubar Ji Ki आरती कितनी बार करनी चाहिए?
प्रतिदिन या सप्ताह में कम से कम एक बार करना शुभ है।
क्या बिना व्रत के आरती कर सकते हैं?
हाँ, श्रद्धा से की गई आरती हमेशा फल देती है।
Table of Contents

